MP Board Class 6 हिंदी सुगम भारती Solutions Chapter 22 बोध कथाएँ प्रश्न उत्तर
Madhya Pradesh Board Class 6 Hindi Sugam Bharti Solutions Chapter 22 बोध कथाएँ
By StudyEducation
वस्तुनिष्ठ प्रश्न
प्रश्न 1.
(क) सही जोड़ी बनाइए
1. प्रौढ़ महिला – (क) डाकिया
2. गवाही – (ख) उच्च विचार
3. रामदयाल – (ग) पुलिस चौकी
4. सादा जीवन – (घ) कर्तव्य पालन
उत्तर-
1. (घ),
2. (ग),
3. (क),
4. (ख)
प्रश्न (ख)
दिए गए शब्दों में से उपयुक्त शब्द चुनकर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए
1. महिला ने एक युवक को …………………………… अवस्था में देखा। (अशांत/अचेत)
2. रामदयाल ने बड़े बेटे को …………………………… बना दिया। (डॉक्टर/इंजीनियर)
3. बड़ा बेटा अब तक …………………………… समझ चुका था। (सच्चाई/गहराई)
4. ‘सादा जीवन, उच्च विचार’ का भाव …………………………… में रखो। (ध्यान/मकान)
उत्तर-
1. अचेत,
2. इंजीनियर,
3. सच्चाई,
4. ध्यान।
प्रश्न 2.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए
(क) दुर्घटना के बाद लोग क्यों डर रहे थे।
उत्तर-
दुर्घटना के बाद लोग कोर्ट-कचहरी के झंझट में पड़ने से डर रहे थे।
(ख) विद्यार्थी युवक के सिर पर पट्टी क्यों नहीं बांध सका?
उत्तर-
विद्यार्थी का रूमाल छोटा पड़ गया, इसलिए वह युवक के सिर पर पट्टी नहीं बांध सका।
(ग) महिला के परिवार की आँखों में आँसू क्यों आ गए।
गए?
उत्तर-दुर्घटना का विवरण सुन कर महिला के परिवार की आँखों में आँसू आ गए।
(घ) रामदयाल ने अपने बच्चों से क्या वायदा किया?
उत्तर-
रामदयाल ने अपने बच्चों से उन्हें खूब पढ़ाने का वायदा किया।
(ङ) पिता ने अपने बच्चों को क्या सीख दी?
उत्तर-
पिता ने अपने बच्चों को सिखाया कि ‘सादा जीवन उच्च विचार’ की भावना ध्यान में रखो और कमर कसकर रखो तो सफलता अवश्य मिलेगी।
प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर तीन-से-पाँच वाक्यों में दीजिए
(क) महिला के घर में तूफान क्यों आ गया?
उत्तर-
महिला फटी हुई साड़ी में घर पहुँची। उसके घरवाले इसकी वजह नहीं जानते थे। यही कारण था कि सब घबरा गए और ऐसा लगा जैसे तूफान आ गया हो।
(ख) प्रौढ़ महिला के बेटे ने सिर क्यों झुका लिया?
उत्तर-
प्रौढ़ महिला के बेटे को जब पता चला कि उसकी माँ ने एक युवक की जान बचाने के लिए अपनी साड़ी फाड़ कर दे दी। ऐसा उसने इसलिए किया ताकि कभी उसके बेटे की मदद के लिए भी कोई आगे आएगा। यह सुनकर बेटे ने सिर झुका लिया।।
(ग) रामदयाल के सुखी परिवार को देख कर लोगों को आश्चर्य क्यों हुआ?
उत्तर-
रामदयाल के सुखी परिवार को देखकर लोगों को आश्चर्य इसलिए हुआ क्योंकि इतनी सीमित आमदनी में भी उसने अपने बच्चों को डॉक्टर इंजीनियर बना लिया था। आजकल की मंहगाई में सीमित आय के व्यक्ति के लिए यह संभव नहीं है। यही वजह था कि सभी आश्चर्यचकित थे।
(घ) ‘सादा जीवन उच्च विचार’ से क्या आशय है?
उत्तर-
सादा जीवन उच्च विचार का अर्थ है कि जीवनशैली सादगीपूर्ण हो परंतु विचारों में उच्चता बनी रहे। मौज-मस्ती के नाम पर फिजूल खर्ची से बचा जाए और जीवन का जो उच्चतम लक्ष्य है उसे पाने के लिए प्रयासरत रहा जाए।
(ङ) परिवार को खुशहाल बनाने के लिए रामदयाल ने क्या किया?
उत्तर-
परिवार को खुशहाल बनाने के लिए रामदयाल ने सादगी पूर्ण जीवन को अपनाया। फिजूलखर्ची करने से खुद को रोका। बच्चों को उच्च शिक्षा प्रदान की और उनके उज्जवल भविष्य का निर्माण किया। भाषा की बात
प्रश्न 4.
निम्नलिखित शब्दों का शुद्ध उच्चारण कीजिएप्रोढ़, बेहोश, विद्यार्थी, कर्तव्य, आवाज़, व्यक्ति।
उत्तर-
छात्र स्वयं करें।
प्रश्न 5.
निम्नलिखित शब्दों की वर्तनी शुद्ध कीजिएरुमाल, झझंट, दुघर्टना, पत्नि, उंगलि, लड़कियाँ, खरच।
उत्तर-
रूमाल, झंझट, दुर्घटना, पत्नी, अंगुली, लड़कियाँ, खर्च।
प्रश्न 6.
निम्नलिखित महावरे और उनके अर्थ एक साथ दिए गए हैं उन्हें अलग-अलग कीजिए|
दाँतों तले अंगुली दबाना, बेकार घूमना, मारे-मारे फिरना, आश्चर्य करना, ठान लेना, कमर कसना, उधार लेना, कर्ज में डूबना।
उत्तर-
दांतो तले अंगुली दबाना-आश्चर्य करना मारे-मारे फिरना-बेकार घूमना कमर कसना-ठान लेना कर्ज में डूबना-उधार लेना
प्रश्न 7.
दिए गए शब्दों के पर्यायवार्ची वर्ग पहेली में दिए गए हैं शब्दों के आगे उनके सही पर्यायवाची छांटकर लिखिए
घर, माँ, बेटा, महिला, चिराग
उत्तर-
पर्यायवाची-गृह, माता, पुत्र, औरत, दीप
प्रश्न 8.
निम्नलिखित शब्द समूहों में से विशेषण-विशेष्य छाँटकर लिखिए
एक ट्रक, तेज रफ्तार, प्रौढ़ महिला, सादा जीवन, जादुई चिराग, तीन बच्चे, बड़ी इच्छा, अचेत अवस्था।
उत्तर-
विशेषण-एक, तेज, प्रौढ़, सादा, जादुई, तीन, बड़ी, अचेत।
विशेष्य-ट्रक, रफ्तार, महिला, जीवन, चिराग, बच्चे, इच्छा, अवस्था।
प्रश्न 9.
में, से, की, द्वारा, को, पर, का, ने कारकों का उपयुक्त स्थान पर प्रयोग कर कहानी पूरी कीजिए
उत्तर-
बहुत समय पहले की बात है। एक गाँव में दयावती नाम की एक स्त्री रहती थी। वह बहुत बूढ़ी हो गई थी। उसके परिवार में और कोई नहीं था। दयावती गाँव से निकलने वाली राहगीरों को भोजन कराती थी।
राहगीर प्यार से जो कुछ दे जाते वह उसी से अपन खर्च चलाती थी। गाँव वाले भी उसका पूरा ध्यान रखते थे। दयावती द्वारा किया गया उपकार वे नहीं भूलते थे, एक बार घर में चोर घुस आएँ उन्होंने घर का कोना-कोना छान मारा पर उन्हें कुछ नहीं मिला। चोर ने भागने में ही अपनी भलाई समझी।
📚 All Chapters:
- Chapter 1 मैं ढूँढ़ता तुझे था
- Chapter 2 जल ही जीवन है
- Chapter 3 भाई-बहन
- Chapter 4 अभिनन्दनीय भारत
- Chapter 5 मदनमोहन मालवीय
- Chapter 6 रामलाल का परिवार
- Chapter 7 वृक्ष निभाता रिश्ता-नाता
- Chapter 8 बाथरूम की फिसलन
- Chapter 9 साहस
- Chapter 10 कोई नहीं पराया
- Chapter 11 नई सुबह
- Chapter 12 जागो उपभोक्ता जागो
- Chapter 13 लोक संस्कृति और नर्मदा
- Chapter 14 सहनशीलता
- Chapter 15 स्पष्टवादी
- Chapter 16 रामेश्वरम्
- Chapter 17 तीर्थ-यात्रा
- Chapter 18 शंकराचार्य मध्यप्रदेश में
- Chapter 19 मीरा पदावली
- Chapter 20 कित्तूर की रानी चेन्नम्मा
- Chapter 21 आओ दीप जलाएँ
- Chapter 22 बोध कथाएँ
- Chapter 23 इतने ऊपर उठो कि
- Chapter 24 मित्र को पत्र
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